पश्चिमी विक्षोभ, जलवायु परिवर्तन, चक्रवाती सर्कुलेशन जैसे फैक्टर ने बढ़ाई मार्च-अप्रैल में बारिश
रविवार, 2 अप्रैल 2023
Comment
नई दिल्ली। अप्रैल माह की शुरुआत हो चुकी है लेकिन अभी भी बारिश का दौर जारी है। फरवरी माह में मौसम में जहां गर्मी रिकॉर्ड बना रही थी तो मार्च के महीने में स्थिति कमोबेश पूरी तरह विपरीत है। मार्च माह और अप्रैल के शुरुआती दिन में बारिश थम नहीं रही है। दरअसल मार्च के महीने में हो रही मूसलाधार बारिश की वजह आम तौर पर जलवायु परिवर्तन के साथ-साथ पश्चिमी विक्षोभ है। बेमौसम बारिश ने एक तरफ जहां फसलों को बड़ा नुकसान पहुंचाया है तो स्वास्थ्य संबंधी दिक्कतें भी बढ़ाई है।

0 Response to "पश्चिमी विक्षोभ, जलवायु परिवर्तन, चक्रवाती सर्कुलेशन जैसे फैक्टर ने बढ़ाई मार्च-अप्रैल में बारिश"
एक टिप्पणी भेजें