झालावाड़ में स्वैच्छिक क्षेत्र विकास केन्द्र द्वारा आयोजित दो दिवसीय संवाद कार्यक्रम का हुआ शुभारम्भ संवाद के माध्यम से ही हर समस्या का समाधान संभव है
गुरुवार, 6 अप्रैल 2023
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- अध्यक्ष, राजस्थान राज्य समाज कल्याण बोर्ड जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ प्रत्येक पात्र व्यक्ति को मिले - अध्यक्ष, स्वैच्छिक क्षेत्र विकास केन्द्र
जयपुर, । समस्त गैर सरकारी संगठन, ट्रस्ट, सोसायटी, फाउण्डेशन व स्वैच्छिक क्षेत्र संस्थाओं से जुड़़े विषयों एवं जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर चर्चा के लिए स्वयं सेवी संस्थाओं एवं झालावाड़ जिला प्रशासन के मध्य दो दिवसीय संवाद कार्यक्रम का शुभारम्भ बुधवार को झालावाड़ के मिनी सचिवालय के ऑडिटोरियम में किया गया।
संवाद कार्यक्रम को मुख्य अतिथि के रूप में संबोधित करते हुए राजस्थान राज्य समाज कल्याण बोर्ड की अध्यक्ष डॉ. अर्चना शर्मा ने कहा कि संवाद ही एक ऐसा माध्यम है जिसके द्वारा हर समस्या का समाधान संभव है। इसी को माध्यम बनाते हुए प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री अशोक गहलोत की मंशानुरूप प्रदेश के प्रत्येक जिले में प्रशासन एवं स्वयं सेवी संगठनों के मध्य संवाद कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। जिसका शुभारम्भ झालावाड़ जिले से किया गया है।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री श्री अशोक गहलोत के निर्देशन में स्वैच्छिक क्षेत्र विकास केन्द्र की स्थापना की गई है जिसके माध्यम से समाज सेवा के साथ-साथ राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओ का लाभ आमजन को पहुंचाने के लिए प्रदेश के स्वयं सेवी संगठनों को एक मंच प्रदान किया गया है। उन्होंने कहा कि कई ऐसे वंचित वर्ग के लोग हैं जिनको जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी नहीं है इसलिए दृढ़ इच्छाशक्ति, सद्भावना एवं अच्छी सोच के साथ आमजन के प्रति उत्तरदायित्वों को समझते हुए उनको योजनाओं का लाभ दिलवाना ही हम सबकी जिम्मेदारी है।
कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे स्वैच्छिक क्षेत्र विकास केन्द्र के अध्यक्ष श्री मुमताज मसीह ने कहा कि प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री अशोक गहलोत ने आमजन की पीड़ा का महसूस करते हुए अंतिम छोर के व्यक्ति को स्वयं सेवी संगठनों के माध्यम से राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ दिलाने के उद्देश्य से स्वैच्छिक क्षेत्र विकास केन्द्र की स्थापना की है। उन्होंने कहा कि इस क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले संगठनों एवं स्वयं सेवी संस्थाओं को सम्मानित भी किया जाएगा। इसके लिए स्वैच्छिक क्षेत्र विकास केन्द्र द्वारा समस्त स्वयं सेवी संस्थाओं का डेटा तैयार कर उनके कार्यों एवं उनके क्रियान्वयन की समीक्षा की जाएगी। इसके लिए संस्थाओं का स्वैच्छिक क्षेत्र विकास केन्द्र में पंजीकरण होना आवश्यक है।
कार्यक्रम के दौरान जिला कलक्टर डॉ. भारती दीक्षित ने कहा कि स्वैच्छिक क्षेत्र विकास केन्द्र द्वारा आयोजित संवाद कार्यक्रम के शुभारम्भ के लिए झालावाड़ जिले को चुना जाना हम सभी के लिए सम्मान की बात है। इसका सही मायनों में अर्थ यही है कि जिले में राज्य सरकार की योजनाओं का लाभ जिला प्रशासन एवं विभिन्न स्वयं सेवी संगठनों के माध्यम से प्रत्येक पात्र व्यक्ति को मिल रहा है और आगे भी मिलता रहेगा। उन्होंने कहा कि स्वैच्छिक क्षेत्र विकास केन्द्र में एनजीओ का पंजीकरण कर राज्य सरकार द्वारा उनको अनुदान दिया जाएगा इससे सभी पंजीकृत एनजीओ को सम्बल प्रदान होगा।
स्वैच्छिक क्षेत्र विकास केन्द्र के सलाहकार श्री संजय गौड़ ने स्वैच्छिक क्षेत्र विकास केन्द्र के कार्यों की विस्तृत रूपरेखा के बारे मे जानकारी देते हुए बताया कि केन्द्र का मुख्य उद्देश्य प्रदेश में किसी भी क्षेत्र में अच्छा कार्य कर रहे एनजीओ को हरसंभव सहयोग प्रदान करना है। साथ ही उन एनजीओ के माध्यम से अन्य एनजीओ को आमजन के लिए समाज सेवा के क्षेत्र में कार्य करने के लिए प्रेरित करना है। जिसके तहत स्वैच्छिक क्षेत्र विकास केन्द्र द्वारा वेब पोर्टल आरंभ किया गया है। जिसमें सभी एनजीओ को अपना रजिस्टेªशन करवाना अनिवार्य होगा। इसके पश्चात् पंजीकृत एनजीओ में से कार्य के आधार पर उनका एग्रीडेशन किया जाएगा तथा ग्रेडिंग निर्धारित की जाएगी। इस पोर्टल पर सभी एनजीओ को अपना 3 साल का सम्पूर्ण लेखा जोखा अपलोड करना होगा। इसके बाद ही एनजीओ सरकार से अनुदान प्राप्त कर सकेंगे।
संवाद कार्यक्रम के प्रथम दिन विभिन्न विभागों के अधिकारियों द्वारा उनके विभागों के माध्यम से संचालित जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी प्रदान की गई।
कार्यक्रम में स्थानीय जनप्रतिनिधि संबंधित अधिकारी मौजूद थे।

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