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राम नाम से बड़ी कोई औषधि नहीं -आचार्यश्री रामदयालजी

राम नाम से बड़ी कोई औषधि नहीं -आचार्यश्री रामदयालजी

 


दूसरे दिन रामस्नेही अनुरागीयों का उमड़ा हुजूम, सांसद सुभाष बहेड़िया ने लिया आशीर्वाद
शाहपुरा में महाप्रभु स्वामी रामचरण महाराज का 225वां निर्वाण महोत्सव,

मूलचन्द पेसवानी
भीलवाड़ा | भीलवाड़ा जिले के शाहपुरा में रामस्नेही संप्रदाय के संस्थापक महाप्रभु स्वामी रामचरण जी महाराज के 225वें निर्वाण महोत्सव के तहत रामनिवास धाम में आयोजित पंच दिवसीय महोत्सव के दूसरे दिन शनिवार को देश के कोने कोने से रामस्नेही अनुरागियों का हुजूम उमड़ा।
रामनिवास धाम में स्तंभ जी, कंबलजी, व धाम दर्शन सहित आचार्यश्री व अन्य संतों के दर्शनों के लिए रामस्नेही अनुरागियों की कतारें देखी गई। दूसरे दिन भी प्रातः 5 बजे से 6 बजे तक रामधुनी, योग शिविर, वाणीजी का पाठ हुआ। इसके बाद सुबह संप्रदाय के पीठाधीश्वर जगतगुरु स्वामी रामदयाल महाराज व अन्य संतों के यहां प्रवचन हुए।
बारादरी में आयोजित प्रवचन में आचार्यश्री स्वामी रामदयाल महाराज ने संबोधित करते हुए कहा कि राम नाम से बढ़कर कोई औषधि नहीं है। जो अनुरागी राम नाम का नियमित सुमिरन करता है उसका हमेशा बेड़ापार ही होता है। उन्होंने कहा कि परमात्मा के अलावा कोई नहीं जानता की बुराई में भी अच्छाई होती है। परमात्मा हमारे पास है तो सब कुछ हमारे पास है। गुरु बिना किसी का भी उद्धार नहीं हो सकता। उन्होंने गुरु मंत्र की महिमा बताते हुए कहा कि इसको सुनने वाला कभी नर्क में नहीं जाता। स्वामी रामदयाल महाराज ने यहां अनुरागियों को संबोधित करते हुए कहा कि कोई भी समस्या का समाधान सद्गुरु के बिना नहीं हो सकता। उन्होंने कहा कि सांसारिक जीवन में रिश्ते भले ही कुछ समय तक ही चलते हैं लेकिन गुरु के साथ जो रिश्ता होता है वह जन्म से लेकर मरण तक का होता है। स्वामी रामदयाल महाराज ने यहां रामस्नेही अनुरागियों को शील व्रत के बारे में विस्तार से बताते हुए उसकी पालना के नियमों पर प्रकाश डाला।
महोत्सव के दूसरे दिन रामनिवास धाम में दीनदयाल मारू-विमला मारू ने बारादरी में आचार्यश्री के समक्ष प्रणाम कर शीलव्रत धारण किया। भीलवाड़ा से लोकसभा सांसद सुभाष बहेड़िया ने भी शनिवार को रामनिवास धाम पहुंचकर आचार्य श्री के दर्शन किए। इससे पूर्व रामनिवास धाम में अलसुबह आयोजित योग शिविर में संयोजक योग प्रशिक्षक रामरस महाराज ने राम नाम के माध्यम से विभिन्न प्राणायाम और योगाभ्यास करवाए।
कल 9 अप्रेल को होगा रक्तदान शिविर-रामस्नेही संप्रदाय के संस्थापक आद्याचार्य महाप्रभु स्वामी रामचरणजी महाराज के 225 वें निर्वाण महोत्सव के तहत रामनिवास धाम में 9 अप्रेल रविवार को विशाल रक्तदान शिविर का कार्यक्रम रखा गया है। रामस्नेही चिकित्सालय एवं अनुसंधान केंद्र भीलवाड़ा की मेडिकल टीम के निर्देशान में होने वाले रक्तदान शिविर में 225 यूनिट रक्त संग्रह करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
11 अप्रैल को समापन पर निकलेगी भव्य शोभायात्रा-सुर्यप्रकाश बिड़ला ने बताया कि महोत्सव का समापन 11 अप्रेल को शाहपुरा में महलों का चोक से भव्य शोभायात्रा निकाल कर किया जायेगा। इसमें महिलाएं 225 कलश सिर पर लेकर चलेगी। बैंड बाजों व शाही लवाजमों के साथ शोभायात्रा बालाजी की छतरी, सदर बाजार, नया बाजार, कुंडगेट होते हुए रामनिवास धाम पंहुचेगी जहां पर महाआरती वंदना का कार्यक्रम होगा।

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